shimla tourist place

विकेरेगल लॉज ऐतिहासिक और लोकप्रिय पर्टयक स्थान, आइये जानते इसके बारे

हिमाचक प्रदेश में बहुत से लोकप्रिय और प्रसिद्ध पर्टयक स्थान हैं, जिन में से कई बहुत ही ऐतिहासिक पर्टयक स्थान हैं। इन्ही में से एक है, जो हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में स्थित है जहाँ भारत के राष्ट्रपति का निवास स्थान था।

इस स्थान को विकेरेगल लॉज के नाम से जाना जाता है। यह हिमाचल प्रदेश के शिमला हिल्स में स्थित है। यह पूरा पर्टयक स्थान चारों तरफ से प्रकृति से घिरा हुआ था। हिमाचल प्रदेश में स्थित यह स्थान बहुत ही ऐतिहासिक है।

ब्रिटिश शासन के समय के सबसे प्राचीन लेख और तस्वीरें स्थित

शिमला में स्थित इस इमारत के परिसर के अंदर ब्रिटिश शासन के समय के सबसे प्राचीन लेख और तस्वीरें स्थित हैं। यह स्थान पहले भारत के ब्रिटिश वायसराय का निवास स्थान भी रह चुका है। इस भव्य और ऐतिहासिक इमारत का डिज़ाइन जो विकेरेगल लॉज से प्रचलित था उस समय ब्रिटिश वास्तुकार हेनरी इरविन द्वारा किया गया था। हर साल यहां बहुत से पर्टयक इस स्थान की सुंदरता को निहारने के लिए आते हैं।

विकेरेगल लॉज का निर्माण कार्य 1880 में शुरू हुआ

राजधानी शिमला में स्थित विकेरेगल लॉज का निर्माण कार्य 1880 में शुरू हुआ ऐतिहासिक जानकारी के अनुसार इसको बनाने में 08 वर्ष का समय लगा था। इस इमारत के निर्माण कार्य को 1888 में पूरा कर दिया गया।

बताया जाता है कि ब्रिटिश वायसराय लॉर्ड डफरिन ने 23 जुलाई 1888 को लॉज पर कब्जा कर लिया। इसी के साथ इमारत में हल्की नीली-ग्रे पत्थर की चिनाई की गयी है। जिसमें टाइल वाली पिच की छत है।

लार्ज में देवदार के पेड़ की लकड़ी और अखरोट की लकड़ी द्वारा हस्तकला की गयी है

यहाँ लार्ज में देवदार के पेड़ की लकड़ी और अखरोट की लकड़ी द्वारा हस्तकला की गयी है, जो पर्टयकों को अपनी ओर आकर्षित करता है। इस खूबसूरत इमारत का अधिकतर भाग इंटीरियर विस्तृत लकड़ी के काम के लिए जाना जाता है। इसी के साथ लार्ज में देवदार के पेड़ की लकड़ी और अखरोट की लकड़ी द्वारा पूर्ण किया गया था। जिस वजह से इस इमारत को देखने हर साल बहुत से सैलानी हिमाचल का रुख करते हैं।

शिमला में स्थित 7 हिल्स में से एक में स्थित है

यह विकेरेगल लॉज इतना ऐतिहासिक होने के वजह से भी अभी तक वैसा ही है। जैसा पहले हुआ करता था। इसमें कुछ ज्यादा बदलाव नहीं किये गए हैं। यह लोकप्रिय पर्टयक स्थान शिमला में स्थित 7 हिल्स में से एक में स्थित है।

60 के दशक के शुरुआती दिनों में भारत के महान राष्ट्रपति डॉ.एस.राधाकृष्णन और प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू जैसे विद्वानों का निवास बनाने का फैसला किया। उन्हें यहां का वातावरण बहुत पसंद था जिस वजह से वो यहां रहते थे। यह पूरा स्थान प्राकृतिक सौन्दर्य से भरपूर है।

IIAS (इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस स्टडीज) लॉज में परिवर्तित

अब विकेरेगल लॉज को 1965 में अनुसंधान केंद्र IIAS (इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस स्टडीज) लॉज में परिवर्तित कर दिया गया है। यह लोकप्रिय पर्टयक स्थान वायसराय का कार्यालय IIAS निदेशक का कार्यालय बन गया है, सम्मेलन हॉल अनुसंधान विद्वानों के लिए बैठक का एक कार्यालय बन गया है। इस स्थान में इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस स्टडीज स्थापित करने के बाद यहां बहुत से भारतीय विषय की संस्कृति, धर्म, मानविकी और सामाजिक और प्राकृतिक विज्ञान शामिल किया गया है। इस खूबसूरत परिसर के अंदर भी बहुत से परिवर्तन किये गए हैं। इसी के साथ ड्राइंग रूम, बॉलरूम और डाइनिंग रूम को एक पुस्तकालय में बदल दिया गया था।

ब्रिटिश राज से सम्बंधित बहुत सी वस्तुंए और ग्रन्थ तस्वीरें भी स्थित

इस इमारत के परिसर के अंदर एक ऐतिहासिक संग्राहालय स्थापित किया गया है। जिस में ब्रिटिश राज से सम्बंधित बहुत सी वस्तुएं, ग्रन्थ, तस्वीरें और भी बहुत कुछ रखा गया है। जो बेहद ऐतिहासिक है। यह स्थान अपने आप में बहुत सी ऐतिहासिक चीजों को अपने में समेटे हुए है। इस संस्थान के प्रसिद्ध पूर्व छात्रों में से एक बर्मीस नोबेल पुरस्कार विजेता आंग सान सूकी हैं।

जो 1987-1989 तक लगभग दो साल तक शोध सहयोगी के रूप में यहां रहे थे। यह नेशनल लीग फॉर डेमोक्रेसी के अध्यक्ष हैं।आंग सान सूकी का जन्म 19 जून, 1945 म्यांमार (बर्मा) में हुआ यह एक राजनेता तथा लेखक हैं। वे बर्मा के राष्ट्रपिता आंग सान की पुत्री हैं।

प्राकृतिक सौंदर्य और बर्फ से ढके ऊँचे ऊँचे पर्वतो के बहुत से खूबसूरत दृश्य

यह पर्टयकों को यहां के प्राकृतिक सौंदर्य और बर्फ से ढके ऊँचे-ऊँचे पर्वतों के बहुत से खूबसूरत दृश्य प्रदान करता है। यहां का सौंदर्य शिमला हिल्स को और भी ज्यादा आकर्षित बना देता है।

सर्दियों के मौसम में यहां भारी मात्रा में बर्फबारी होती है। जिस वजह से यहां का सौंदर्य और भी ज्यादा खूबसूरत और आकर्षित हो जाता है। अपने इतिहास और लोकप्रियता के कारण यह स्थान बॉलीवुड में भी बेहद लोकप्रिय हुआ है।

शिमला से केवल 3 किलोमीटर की दूरी पर स्थित

हर साल शिमला में बहुत सी फिल्मो के शॉट लिए जाते हैं। बॉलीवुड ने इस शानदार इमारत को राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता फिल्म ब्लैक (2005) में मिशेल (रानी मुखर्जी) कॉलेज के रूप में दिखाया गया था। यह लोकप्रिय पर्टयक स्थान शिमला से केवल 3 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। जो प्राकृतिक सौंदर्य से भरपूर स्थान है।